Breaking News
October 23, 2018 - शेखपुरा में  युवती के साथ दुष्कर्म का प्रयास ,विरोध में सड़क जाम
October 23, 2018 - जदयू चिकित्सा सेवा प्रकोष्ठ के जिला उपाध्यक्ष बने डाॅ श्रषभ
October 23, 2018 - मुख्यमंत्री ने रबी अभियान-सह-बीज विकास वाहन रथों को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना
October 23, 2018 - अरवल: कार्यपालक सहायक की नियुक्ति के टेस्ट परीक्षा आयोजित 04 नवंबर 2018 को
October 23, 2018 - अरवल:डीएम ने बिहार सरकार द्वारा चलाए जा रहे सात निश्चय योजनाओं का समीक्षा कर निर्धारित समय के साथ लक्ष्य प्राप्ति का निर्देश दिये
October 23, 2018 - अरवल:डीएम ने जिला स्तरीय पदाधिकारियों के साथ सप्ताहिक समीक्षात्मक बैठक कर दिए कई निर्देश
October 22, 2018 - राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद को जेल पहुंचाने वाले CBI ऑफिसर पर रिश्वत लेने का केस दर्ज
October 22, 2018 - सीएम नीतीश कुमार से मिलने गुजरात का एक प्रतिनिधिमंडल पहुंचा पटना
October 22, 2018 - सुशील मोदी बोले- दहेज़ लेने से बचे लड़के, बहनों को देना हो तो दें
October 22, 2018 - राजद को मिला मजबूत आधार, JDU छोड़ RJD में शामिल हुए सलीम परवेज

यह गांव सामान्य वर्ग का है, वोट मांगकर शर्मिंदा ना करें

शेयर कर और लोगों तक पहुंचाए

एससी/एसटी एक्ट के तहत तुरंत गिरफ्तारी के कानून को फिर से लागू करने को लेकर समान्य वर्ग के एक गाँव में मोदी के खिलाफ पोस्टर लगा कर विरोध किया है. बलिया उत्तर प्रदेश जिला मुख्यालय से तकरीबन 38 किलोमीटर दूर बैरिया-दलनछपरा मार्ग पर स्थित सोनबरसा गांव के प्राथमिक विद्यालय के सामने गांव के प्रवेश द्वार पर लगी होर्डिंग की चर्चा अब पुरे देश में हो रही है.

होर्डिंग पर लिखा हुआ है कि यह गांव सामान्य वर्ग का है. कृपया राजनीतिक पार्टियां वोट मांगकर शर्मिंदा ना करें, हम अपना वोट नोटा (किसी भी उम्मीदवार को नहीं) को देंगे. इस अनोखे विरोध प्रदर्शन की अगुवाई गांव के सामान्य वर्ग के युवा कर रहे हैं.

इसमें शामिल रॉकी सिंह का कहना है कि एससी/एसटी एक्ट के तहत आरोपी की तुरंत गिरफ्तारी का प्रावधान खत्म करने का उच्चतम न्यायालय का फैसला न्याय हित में था, लेकिन कुछ राजनीतिक दलों ने न्यायालय के फैसले को पलटकर अधिनियम के जरिये ब्लैकमेल करने का औजार उपलब्ध करा दिया है. इसी गांव के रहने वाले विशाल मिश्रा ने कहा कि राजनीतिक दलों के लिए आम लोगों का हित और सरोकार कोई मायने नहीं रखता, उन्हें केवल सत्ता में बने रहने की ही चिंता है.

बैरिया इलाके के बीजेपी विधायक सुरेंद्र सिंह का कहना है कि युवाओं की भावनाएं उचित हैं लेकिन वह विरोध कर रहे युवाओं से नोटा का प्रयोग नहीं करने की गुजारिश करेंगे. उन्होंने इसके साथ ही कहा कि अगर सवर्ण वर्ग के लोगों ने नोटा का प्रयोग कर दिया तो आगामी लोकसभा चुनाव में बीजेपी को उत्तर प्रदेश में भारी नुकसान उठाना पड़ेगा.

शेयर कर और लोगों तक पहुंचाए

About author