Input your search keywords and press Enter.

गरीबी हो आरक्षण का आधार, इस मांग के समर्थन में गरीब जनक्रांति पार्टी का आमरण अनशन शुरू….

अनशन पर बैठे फोटो

डीबीएन न्यूज/मुजफ्फरपुर {मधुरेश}- बिहार के मुजफ्फरपुर से गरीब जनक्रान्ति पार्टी ने आरक्षण के मुद्दे को लेकर आज से एक नई लड़ाई का शंखनाद किया गया है. गजपा के नेतृत्व में मुजफ्फरपुर के जीरोमाइल गोलम्बर पर गरीबी के आधार पर आरक्षण लागू करने एवं समान शिक्षा प्रणाली की मांग को लेकर आज से अनिश्चितकालीन आमरण अनशन शुरु किया गया. मुख्य रूप से गरीब जनक्रान्ति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष विकास कृष्ण आमरण अनशन पर बैठे हैं. उनके समर्थन में सवर्ण एकता मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष नवीन ठाकुर एवं सवर्ण आरक्षण अधिकार समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंकी पांडेय भी अनशन पर बैठ गये हैं.

इस मौके पर आयोजित सभा को सम्बोधित करते हुए गरीब जनक्रान्ति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष विकास कृष्ण ने कहा कि अब समय आ गया है कि आरक्षण की प्रणाली में बदलाव किया जाय, क्योंकि यह देश के गरीबों की मांग है.अगर देश में अविलम्ब गरीबी के आधार पर आरक्षण औऱ समान शिक्षा प्रणाली लागू नहीं किया गया तो देश खंड-विखण्ड हो जाएगा और जातीय उन्माद देश मे फैलेगा. इसके साथ ही सभी जाति के लोग अपने-अपने लिए आरक्षण की मांग करेंगे और यह देश की एकता के लिए खतरा साबित हो सकता है.


Widget not in any sidebars

गजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीनबन्धु क्रांतिकारी ने कहा कि यह देश के सभी गरीबों का दुर्भाग्य है कि इस देश में गरीबी जाति देख कर तय की जाती है. अगर इसमें बदलाव नहीं किया गया तो देश जल उठेगा और हमारी सामाजिक सद्भाव बिगड़ेगा. साथ ही उन्होंने कहा की आज जो नेता जातिगत आरक्षण की वकालत देश में करते हैं वो अगर बीमार पड़ जाए तो खुद इलाज करवाने विदेश जाते हैं. उन्होंने कहा कि आज देश के शिक्षा के स्तर में गिरावट आई है लेकिन न तो सरकार और न विपक्ष इस पर गंभीर है. यह हमारा दुर्भाग्य है कि कभी भारत शिक्षा का केंद्र हुआ करता था आज विश्व के टॉप विश्वविद्यालयों में भारत का कहीं भी स्थान नही है.

Loading...

गजपा प्रवक्ता ने कहा कि आज राज्य के प्राथमिक, माध्यमिक,उच्च विद्यालयों,महाविद्यालय या विश्वविद्यालय हो सभी की स्थिति दयनीय है. गजपा के राष्ट्रीय महासचिव शैलेन्द्र कुमार सुमन ने कहा कि आजादी से लेकर आज तक जितने भी आंदोलन जातिगत आरक्षण के लिए हुए हैं अगर वो जातिव्यवस्था को खत्म करने एवं शिक्षा के स्तर में सुधार के लिए हुआ होता तो आज देश मे कोई गरीब नहीं होता. साथ ही भारत दुनिया का सबसे सम्पन्न देश होता. साथ ही उन्होंने कहा कि जातिगत आरक्षण इस देश के लिए कैंसर है.

सभा को संबोधित करते हुए विनायक पांडेय ने सवालिया लहजे में कहा कि क्या बिरसा मुंडा देश के लिए किसी स्वार्थ में शहीद हुए थे. क्या जुबा साहनी देश के लिए किसी स्वार्थ में शहिद हुए थे. वे देश को आजाद कराने और भारत को नया और प्रगतिशील बनाने के लिए शाहिद हुए थे और आज उनके देश को जातिगत आरक्षण के नाम पर बरगलाया जा रहा है, इसे देश की जनता बर्दास्त नहीं करेगी.

मौके पर गजपा के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष उमाशंकर यादव,राष्ट्रीय कोर कमिटि के सदस्य शैलेन्द्र कुमार, प्रदेश अध्यक्ष मोहन राय, प्रदेश महासचिव युवराज सिंह पप्पू, युवा क्रांतिकारी नेता अमित सिंह, विष्णु झा, गौरव कुमार, राजू चौधरी, प्रदेश सचिव शत्रुध्न महतो, जिला प्रभारी बबन सिंह शेरु, जिलाध्यक्ष नीरज चौधरी, पूर्वी जिलाध्यक्ष अमरेश कुमार सिंह, पूर्वी चंपारण जिलाध्यक्ष रामाधार साह, जिला सचिव शिवेंद्र कुमार ,पप्पू साह, मदीना खातून ,रीना देवी,अभिषेक कुमार, युवराज कश्यप, प्रियेश कुमार, प्रशांत कुमार,अंकित यादव, मोहम्मद अमीन, तन्नू कुमार एवं सेतु कुमार समेत सैकड़ो लोग उपस्थित थे.

अब देखना यह है कि बिहार की धरती से शुरु गजपा का यह आंदोलन देश की राजनीति में क्या रंग भरती है.


Widget not in any sidebars

Leave a Reply

Your email address will not be published.