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तेजप्रताप ने दी खुली चुनौती,कहा किसी की हैसियत नहीं मुझे राजद से निकालने की

लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव अब खुलकर आरजेडी नेताओं को चुनौती देने लगे हैं. दरअसल पटना में जेपी जयंती के अवसर तेजप्रताप यादव ने मार्च निकालकर जनशक्ति यात्रा की शुरुआत की. इस दौरान उन्होंने सीधे तौर पर मीडिया से कहा कि वह जेपी के अनुयायी हैं, वह कृष्ण भक्त हैं. उन्हें आरजेडी से निकालने की हिम्मत किसी में नहीं है. बीते दिनों आरजेडी के वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने तेजप्रताप को पार्टी से निष्काषित किए जाने को लेकर बयान दिया था, जिसके जवाब में आज तेजप्रताप पूरे तेवर में नजर आएं और अपनी यात्रा की शुरुआत की. जनशक्ति यात्रा करने के दौरान तेजप्रताप ने कहा कि देश एक बार फिर से बुरे दौर से गुजर रहा है इसलिये हम जेपी के पद चिन्हों पर चल रहे हैं. चारो तरफ अराजकता फैली है, छात्रों के साथ अन्नाय हो रहा है. इस यात्रा के माध्यम से हम सरकार को जगाने का काम कर रहे हैं.

इस दौरान तेजप्रताप यादव ने छोटे भाई तेजस्वी यादव से किसी भी तरह के विवाद नहीं होने की बात कही. उन्होंने कहा कि जेपी जयंती से अच्छा मौका नहीं मिलता इसलिए भ्रष्टाचार, अशिक्षा, स्वास्थ्य सुविधाओं में गिरावट के खिलाफ मैंने क्रांति का आगाज करने का निर्णय लिया है, इसका नाम एलपी मूवमेंट रहेगा.

तेजस्वी ने तेजप्रताप को दी शुभकामनाएं
इधर आज जब तेजप्रताप यादव की जनशक्ति यात्रा को लेकर मीडिया कर्मियों ने तेजस्वी यादव से सवाल पूछा. इस दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बड़े ही नपे-तुले शब्दों में अपने बड़े भाई तेजप्रताप को जनशक्ति यात्रा के लिये शुभकामनाएं दी और कहा कि यात्रा होते रहनी चाहिये सभी को बधाई. वहीं इससे पहले लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव ने सोमवार को जनशक्ति यात्रा की शुरूआत की. यात्रा शुरू करने के पहले तेजप्रताप यादव ने गांधी मैदान के समीप लगी जेपी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया. इस दौरान तेजप्रताप यादव के उनके समर्थकों और उनके संगठन के लोग भी मौजूद रहे.

दोनों भाइयों के बीच चल रहा शीतयुद्ध
तेजस्वी भले ही आज अपने बड़े भाई तेजप्रताप को जनशक्ति यात्रा के लिये शुभकामनाएं दे रहे हो, लेकिन पिछले कुछ महीनों से तेजस्वी और तेजप्रताप के बीच शीत युद्ध देखने को मिल रहा है. तेजप्रताप लगातार इशारों-इशारों में अपने छोटे भाई जिन्हें वो कृष्ण भी कहकर संबोधित करते हैं, उनपर निशाना साधते रहते हैं. मगर तेजस्वी अपने बड़े भाई के तरफ से किये जा रहे हमले का खुलकर जबाब नहीं देते हैं. तेजप्रताप के आरोपों को अपने बयानों से दरकिनार जरूर कर देते है.

मां राबड़ी देवी से नहीं मिले तेजप्रताप
बताया जाता है कि जनशक्ति यात्रा की शुरुआत करने से पहले तेजप्रताप यादव अपनी मां राबड़ी देवी से मिलने उनके घर जाने वाले थे. मिली जानकारी के अनुसार तेजप्रताप यादव अपने घर से निकलकर राबड़ी देवी के सरकारी आवास के तरफ पहुंचे लेकिन मां से मिले बगैर वो अपनी जनशक्ति यात्रा पर निकल गए. अपनी जनशक्ति यात्रा के दौरान तेजप्रताप यादव पैदल मार्च करते रहे.