Input your search keywords and press Enter.

सीएम नीतीश के शराबबंदी कि धज्जियां उड़ाते कानून के रखवाले, लोगों ने सिखाया इस तरह सबक!

alcohol

alcohol


मधुरेश,हाजीपुर: जिसके कंधे पर बिहार में पूर्ण शराबबंदी को लागू करने की जिम्मेवारी है, वही पुलिस पदाधिकारी अगर नशे की हालत में उत्पात मचाये तो इसे क्या कहेंगे. एक ऐसे ही पुलिस पदाधिकारी ने लोकतंत्र की जननी वैशाली की पावन धरती पर अपने कारनामें से सीएम नीतीश कुमार के शराबबंदी अभियान को तगड़ा झटका दिया है वैशाली जिले के सहदेई थानाध्यक्ष संजय गौर पर नशे में धुत होकर उत्पात मचाने का आरोप लगा है.

इस माले में बताया जाता है कि देसरी बाजार से गुजरते समय देर रात्रि थानाध्यक्ष ने पहले तो अपने कार से ग्रामीण को धक्का मार दी उसके बाद पुलिसिया धौंस दिखाते हुए ग्रामीण को पिस्टल दिखाकर दुर्व्यवहार किया, इसका पता चलते ही सैकड़ो की संख्या में ग्रामीण जुट गए. उसके बाद लोगों ने उन्हें बंधक बना लिया और वरीय पुलिस पदाधिकारी को सूचना दी. सूचना पाकर मौके पर महनार एएसपी उपेन्द्र वर्मा पहुंचे और थानाध्यक्ष को देसरी थाना परिसर घेरे लोगों को कानून सम्मत कार्रवाई का भरोसा दिलाया.
Loading...

लोगों का कहना है था कि संजय गौर ने नशे में धुत होकर उत्पात मचाया है ऐसे में उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाये कानून हर किसी के लिए सामान होता है तो इस बात कि सजा उस पुलिस वाले को भी मिले. वैशाली एसपी राकेश कुमार ने महनार एएसपी को पूरे मामले की जांच की जिम्मेवारी सौंपी है. रात में संजय गौर का सदर अस्पताल में मेडिकल कराया गया आज उनके खिलाफ कार्रवाई हो सकती है. सुशासन बाबू के थानेदार की इस करतूत ने बिहार की कानून व्यवस्था का माखौल उड़ाते हुए सीएम नीतीश कुमार के शराबमुक्त बिहार के अभियान के माथे फर कलंक लगा दिया है. अब देखना यह है कि सरकार अपने नशेबाज दारोगा से कैसे निपटती है.

[related_posts_by_tax title=”रिलेटेड न्यूज़:” posts_per_page=”3″]
इस न्यूज़ को शेयर करे और कमेंट कर अपनी राय दे.
[addtoany]

Leave a Reply

Your email address will not be published.